वन्द्या

यार से मिलन की चाह में तीन लंड खा लिए-2

यार के साथ फोन पर मेरी चूत चुदाई की बात करती हुई मैं अपने जीजा संग रंगरेलियां मना रही थी. जीजा ने मुझे एक नई तरकीब बताई मेरे यार से सेक्स चैट करते हुए चुदाई करवाने की.

पूरी कहानी पढ़ें »

यार से मिलन की चाह में तीन लंड खा लिए-1

मेरी चढ़ती जवानी में ही मुझे मेरा यार मिल गया था जिससे मिलने के लिए मैंने जीजा संग घूमने का बहाना बनाया. हम जीजा-साली घूमने चले तो यार से पहले क्या क्या हो गया?

पूरी कहानी पढ़ें »

मेरा पहला प्यार सच्चा प्यार-10

मैं अपने प्रेमी से चुदवाने आई थी. लेकिन उसने गांड में लंड घुसा दिया. मुझे दर्द हुआ तो मैंने उसे निकालने को कहा. उसने मेरी गांड में से लंड निकाल कर मेरी चूत में डाला तो …

पूरी कहानी पढ़ें »

मेरा पहला प्यार सच्चा प्यार-9

मैं अपने प्रेमी के साथ नंगी हो चुकी थी. उसने मेरी चूत को रगड़ कर मुझे गर्म कर दिया था, मेरी चूत पानी छोड़ रही थी. मैं चाह रही थि कि मेरा यार मुझे जल्दी से चोद दे. लेकिन …

पूरी कहानी पढ़ें »

मेरा पहला प्यार सच्चा प्यार-8

मैं अपने आशिक से फोन पर ही रोमांस, सेक्स चैट करती रही. हम दोनों मिलने को बेचैन हो रहे थे. मेरी सेक्स स्टोरी में पढ़ें कि हमने मिलने की क्या योजना बनायीं और हमारे बीच क्या हुआ.

पूरी कहानी पढ़ें »

मेरा पहला प्यार सच्चा प्यार-7

मैं अपनी सहेली के घर में अपने आशिक के साथ पहली बार चुदाई करने वाली थी. उसने मुझे नंगी कर लिया था और वो खुद भी पूरा नंगा हो गया था. उसके बाद क्या हुआ? पढ़ें और मजा लें!

पूरी कहानी पढ़ें »

मेरा पहला प्यार सच्चा प्यार-6

मेरा पढ़ाई में बिल्कुल भी मन नहीं लगता था, मैं चाहती थी कि मेरा प्यार मेरे साथ रहे हमेशा. मेरी सहेली भी मदद करती थी हमारे मिलन में. एक दिन मेरी सहेली के घर कोई नहीं था तो …

पूरी कहानी पढ़ें »

मेरा पहला प्यार सच्चा प्यार-5

मेरी सहेली के मामा मेरी सलवार उतार कर मेरी चूत चाट रहे थे. मुझे कुछ अजीब सा … कुछ अच्छा सा लग रहा था. मामा मुझे चोदने की बात करने लगे तो मैंने भी हाँ कर दी. लेकिन तभी …

पूरी कहानी पढ़ें »

मेरा पहला प्यार सच्चा प्यार-4

मुझे दो लड़कों के साथ कुछ लोगों ने देख लिया तो मैं वहां से आ गयी लेकिन मेरी कच्छी वहीं पर रह गयी. वो लोग मेरी कच्छी उठा कर ले आये और मुझे कच्छी लौटने के बहाने बाहर ले गए.

पूरी कहानी पढ़ें »

मेरा पहला प्यार सच्चा प्यार-3

मैं गाँव के दो अनजान लड़कों के साथ थी, एक मेरी चूत चाट रहा था और दूसरे का मैं लंड चूस रही थी. ममेरा यह पहली बार था तो अजीब लग रहा था. तभी वहां पर कुछ लोग आते दिखे!

पूरी कहानी पढ़ें »

मेरा पहला प्यार सच्चा प्यार-2

मैं अपनी सहेली की बहन की शादी में आई हुई थी. रात में मेरा मूत आया तो बाहर खेत में जाकर सलवार खोल कर बैठने लगी कि वहां दो लड़के आ गए. तो मैंने क्या किया?

पूरी कहानी पढ़ें »

मेरा पहला प्यार सच्चा प्यार-1

मैं 19 बरस की हो चुकी थी लेकिन मेरा बदन अभी पूरा भरा नहीं था. मेरी सहेली की बड़ी बहन की शादी में गयी तो एक लड़का मेरे पीछे पड़ गया. पूरी बात इस कहानी में पढ़ें!

पूरी कहानी पढ़ें »

कमसिन जवानी की चुदाई के वो पन्द्रह दिन-16

मैं अति उत्तेजना में गाली देकर बोली- साले कुत्ते.. भैन के लौड़े.. और अन्दर डाल लौड़ा मादरचोद.. और जोर से चोद.. आह.. मैं मरी जा रही हूं.. मेरी चूत की धज्जियां उड़ा दे.. मैं तेरी डार्लिंग वन्द्या हूं.

पूरी कहानी पढ़ें »

कमसिन जवानी की चुदाई के वो पन्द्रह दिन-15

मैं मदहोश हो चुकी थी. मैंने अपना मुँह खोल दिया तो अपनी जीभ को मेरी जीभ से जोड़ दिया. वो मेरी जीभ अपने होंठों से चूसने लगा. साथ ही वो नीचे चूत में कस कस के लंड के धक्के मारने लगा.

पूरी कहानी पढ़ें »

कमसिन जवानी की चुदाई के वो पन्द्रह दिन-14

मैं उस समय बिल्कुल मदहोश थी, बोली- तीनों एक साथ डाल दो.. मुझसे नहीं रहा जा रहा.. मैं तुम तीनों का लंड एक साथ ले लूंगी.. तुम बिल्कुल चिंता नहीं करो. मुझे जल्दी चोदना शुरू करो.

पूरी कहानी पढ़ें »

कमसिन जवानी की चुदाई के वो पन्द्रह दिन-13

मुझे थोड़ी खुशी हुई कि चूत की खुजली मिटाने वाले मिल गए. इस वक्त मैं बिना लंड के रह ही नहीं पा रही थी. क्योंकि अभी थोड़ी देर पहले ही मुझे अधूरा चोद के छोड़ दिया गया था.

पूरी कहानी पढ़ें »

कमसिन जवानी की चुदाई के वो पन्द्रह दिन-12

शादी के मदप में मैं लहंगे के नीचे बिना पैंटी के हो गई. अब भी निहाल मेरे लहंगे में घुसा हुआ था. उसने पहले मेरी पीछे गांड को थोड़ा सा फैलाया और जीभ से चाटने लगा.

पूरी कहानी पढ़ें »

कमसिन जवानी की चुदाई के वो पन्द्रह दिन-11

मम्मी ने मुझे जगाया पर मम्मी मुझसे नजरें नहीं मिला पा रही थीं, ना मुझसे बात कर पा रही थीं. मुझे भी संकोच लग रहा था. आखिर रात में मैंने मम्मी को चुदवाते जो देखा था.

पूरी कहानी पढ़ें »

कमसिन जवानी की चुदाई के वो पन्द्रह दिन-10

ड्राईवर मेरी चूत से खेल रहा था. वो लगातार चूत में अपनी उंगली अन्दर बाहर कर रहा था. मैं बहुत उत्तेजित हो गई, बोली- आह … तुम बहुत गंदे हो … ये क्या कर दिया.

पूरी कहानी पढ़ें »

अन्तर्वासना इमेल क्लब के सदस्य बनें

हर सप्ताह अपने मेल बॉक्स में मुफ्त में कहानी प्राप्त करें! निम्न बॉक्स में अपना इमेल आईडी लिखें, सहमति बॉक्स को टिक करें, फिर ‘सदस्य बनें’ बटन पर क्लिक करें !

* आपके द्वारा दी गयी जानकारी गोपनीय रहेगी, किसी से कभी साझा नहीं की जायेगी।

Scroll To Top